ग्रंथमहाभारतशान्तिपर्वअध्याय 273273.10महाभारत 273.10अथ वृत्रस्य कौरव्य शरीरादभिनिःसृता ब्रह्महत्या महाघोरा रौद्रा लोकभयावहापिछलाअगलापूरा अध्याय