ग्रंथमहाभारतशान्तिपर्वअध्याय 229229.21महाभारत 229.21धर्मद्वयं हि यो वेद स सर्वः सर्वधर्मविद् स त्यागी सत्यसंकल्पः स तु क्षान्तः स ईश्वरःपिछलाअगलापूरा अध्याय