ग्रंथमहाभारतशान्तिपर्वअध्याय 218218.3महाभारत 218.3बले केयमपक्रान्ता रोचमाना शिखण्डिनी त्वत्तः स्थिता सकेयूरा दीप्यमाना स्वतेजसापिछलाअगलापूरा अध्याय