ग्रंथमहाभारतशान्तिपर्वअध्याय 135135.10महाभारत 135.10एवमुक्तो निराक्रामद्दीर्घदर्शी महामतिः जगाम स्रोतसैकेन गम्भीरसलिलाशयम्पिछलाअगलापूरा अध्याय