ग्रंथमहाभारतशान्तिपर्वअध्याय 123123.20महाभारत 123.20महामना भवेद्धर्मे विवहेच्च महाकुले ब्राह्मणांश्चापि सेवेत क्षमायुक्तान्मनस्विनःपिछलाअगलापूरा अध्याय