Utshovऐप डाउनलोड करें

महाभारत 78.24

अनुवव्राज संभ्रान्तः पृष्ठतः सान्त्वयन्नृपः
न्यवर्तत न चैव स्म क्रोधसंरक्तलोचना

पूरा अध्याय