ग्रंथमहाभारतआदिपर्वअध्याय 55.20महाभारत 5.20सेयं यदि वरारोहा भृगोर्भार्या रहोगता तथा सत्यं समाख्याहि जिहीर्षाम्याश्रमादिमाम्पिछलाअगलापूरा अध्याय