ग्रंथमहाभारतआदिपर्वअध्याय 4949.21महाभारत 49.21स संभावय नागेन्द्र मयि सर्वं महामते न ते मयि मनो जातु मिथ्या भवितुमर्हतिपिछलाअगलापूरा अध्याय