ग्रंथअथर्ववेदकाण्ड 8सूक्त 1010.22अथर्ववेद 10.22(१५) ओष॑धीरे॒वास्मै॑ रथन्त॒रं दु॑हे॒ व्यचो॑ बृ॒हत् ॥९॥पिछलाअगलापूरा अध्याय