ग्रंथअथर्ववेदकाण्ड 6सूक्त 129129.2अथर्ववेद 129.2येन॑ वृ॒क्षाँ अ॒भ्यभ॑वो॒ भगे॑न॒ वर्च॑सा स॒ह। तेन॑ मा भ॒गिनं॑ कृ॒ण्वप॑ द्रा॒न्त्वरा॑तयः ॥२॥पिछलाअगलापूरा अध्याय