ग्रंथअथर्ववेदकाण्ड 6सूक्त 104104.2अथर्ववेद 104.2इ॒दमा॒दान॑मकरं॒ तप॒सेन्द्रे॑ण॒ संशि॑तम्। अ॒मित्रा॒ येऽत्र॑ नः॒ सन्ति॒ तान॑ग्न॒ आ द्या॒ त्वम् ॥२॥पिछलाअगलापूरा अध्याय