ग्रंथअथर्ववेदकाण्ड 2सूक्त 77.3अथर्ववेद 7.3दि॒वो मूल॒मव॑ततं पृथि॒व्या अध्युत्त॑तम्। तेन॑ स॒हस्र॑काण्डेन॒ परि॑ णः पाहि वि॒श्वतः॑ ॥३॥पिछलाअगलापूरा अध्याय