ग्रंथअथर्ववेदकाण्ड 15सूक्त 22.24अथर्ववेद 2.24की॒र्तिश्च॒ यश॑श्च पुरःस॒रावैनं॑ की॒र्तिर्ग॑च्छ॒त्या यशो॑ गच्छति॒ य ए॒वं वेद॑ ॥२४॥पिछलाअगलापूरा अध्याय