ग्रंथअथर्ववेदकाण्ड 12सूक्त 55.51अथर्ववेद 5.51छि॒न्ध्या च्छि॑न्धि॒ प्र छि॒न्ध्यपि॑ क्षापय क्षा॒पय॑ ॥५१॥पिछलाअगलापूरा अध्याय