ग्रंथअथर्ववेदकाण्ड 12सूक्त 55.18अथर्ववेद 5.18वज्रो॒ धाव॑न्ती वैश्वान॒र उद्वी॑ता ॥१८॥पिछलाअगलापूरा अध्याय