ग्रंथअथर्ववेदकाण्ड 12सूक्त 11.26अथर्ववेद 1.26शि॒ला भूमि॒रश्मा॑ पां॒सुः सा भूमिः॒ संधृ॑ता धृ॒ता। तस्यै॒ हिर॑ण्यवक्षसे पृथि॒व्या अ॑करं॒ नमः॑ ॥२६॥पिछलाअगलापूरा अध्याय